तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया: भजन (Teri Surat Pe Jaun Balihari Rasiya)

तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



ओड़ के आई मैं तो लाल चुनारिया,

मटकी उठा के मैं तो, बन गयी गुजरिया ।

मैं तो कर आई सोला श्रृंगार रसिया,

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



तेरे पीछे मैं तो आई हूँ अकेली,

बड़े गोप की नयी नवेली।

आई हूँ करने मनोहार रसिया,

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



जब से लगी है तेरी लगनवा,

बिसर गयो मोहे घर आंगनवा ।

मैं तो छोड़ आई सारा संसार रसिया,

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



तेरी सूरत पे जाऊं बलिहार रसिया

मैं तो नाचूंगी तेरे दरवार रसिया ॥



------- भजन को कुछ भक्ति इस रूप मे भी गाते हैं -------

तेरी बंसी पे जाऊं बलिहार रसिया,

मैं तो नाचूंगी बीच बाजार रसिया।

जम्भेश्वर आरती: ओ३म् शब्द सोऽहं ध्यावे (Jambheshwar Aarti Om Shabd Sohan Dhyave)

प्रेरक कथा: नारायण नाम की महिमा! (Prerak Katha Narayan Nam Ki Mahima)

श्री शङ्कराचार्य कृतं - वेदसारशिवस्तोत्रम् (Vedsara Shiv Stotram)

भजन: कलियुग में सिद्ध हो देव तुम्हीं! (Bhajan: Kalyug Mein Sidh Ho Dev Tumhin Hanuman)

मुकुट सिर मोर का, मेरे चित चोर का: भजन (Mukut Sir Mor Ka, Mere Chit Chor Ka)

भैया दूज लोक कथा (Bhaiya Dooj Lauk Katha)

जिनके हृदय श्री राम बसे: भजन (Jinke Hridey Shri Ram Base)

जिन पर कृपा राम करे: भजन (Jin Par Kirpa Ram Kare)

श्री सोमनाथ ज्योतिर्लिंग प्रादुर्भाव पौराणिक कथा! (Shri Somnath Jyotirlinga Utpatti Pauranik Katha)

श्री विष्णु स्तुति - शान्ताकारं भुजंगशयनं (Shri Vishnu Stuti - Shantakaram Bhujagashayanam)

भजन: गणपति आज पधारो, श्री रामजी की धुन में (Ganapati Aaj Padharo Shri Ramaji Ki Dhun Me)

सोमवार व्रत कथा (Somvar Vrat Katha)