जगदीश ज्ञान दाता: प्रार्थना (Jagadish Gyan Data: Prarthana)

जगदीश ज्ञान दाता, सुख मूल शोकहारी ।

भगवन् ! तुम्हीं सदा हो, निष्पक्ष न्यायकारी ॥



सब काल सर्व ज्ञाता, सविता पिता विधाता ।

सब में रमे हुए हो, विश्व के बिहारी ॥



कर दो बलिष्ठ आत्मा, घबरायें न दुःखों से ।

कठिनाइयों का जिससे, तर जायें सिन्धु भारी ॥



निश्चय दया करोगे, हम मांगते यही हैं ।

हमको मिले स्वयम् ही, उठने की शक्ति सारी ॥



जगदीश ज्ञान दाता, सुख मूल शोकहारी ।

भगवन् ! तुम्हीं सदा हो, निष्पक्ष न्यायकारी ॥

मन की तरंग मार लो... (Man Ki Tarang Mar Lo Bas Ho Gaya Bhajan)

श्री लक्ष्मी के 108 नाम - श्रीलक्ष्मीष्टोत्तरशतनामावलिः (108 Mata Lakshmi Names)

भजन: अमृत बेला गया आलसी सो रहा बन आभागा ! (Bhajan: Amrit Bela Geya Aalasi So Raha Ban Aabhaga)

॥श्रीमहालक्ष्मीस्तोत्रम् विष्णुपुराणान्तर्गतम्॥ (Mahalakshmi Stotram From Vishnupuran)

गणगौर व्रत कथा (Gangaur Vrat Katha)

भजन: कोई लाख करे चतुरायी (Koi Lakh Kare Chaturayi )

श्रीहनुमत् पञ्चरत्नम् (Shri Hanumat Pancharatnam)

भजन: शिव उठत, शिव चलत, शिव शाम-भोर है। (Shiv Uthat Shiv Chalat Shiv Sham Bhor Hai)

आदियोगी - दूर उस आकाश की गहराइयों में (Adiyogi The Source Of Yoga)

जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे: भजन (Jago Bansivare Lalna Jago More Pyare)

करो हरी का भजन प्यारे, उमरिया बीती जाती हे (Karo Hari Ka Bhajan Pyare, Umariya Beeti Jati Hai)

सीता राम, सीता राम, सीताराम कहिये: भजन (Sita Ram Sita Ram Sita Ram Kahiye)