बेलपत्र / बिल्वपत्र चढ़ाने का मंत्र (Belpatra Mantra)

नमो बिल्ल्मिने च कवचिने च नमो वर्म्मिणे च वरूथिने च

नमः श्रुताय च श्रुतसेनाय च नमो

दुन्दुब्भ्याय चा हनन्न्याय च नमो घृश्णवे॥



दर्शनं बिल्वपत्रस्य स्पर्शनम्‌ पापनाशनम्‌ ।

अघोर पाप संहारं बिल्व पत्रं शिवार्पणम्‌ ॥



त्रिदलं त्रिगुणाकारं त्रिनेत्रं च त्रिधायुधम्‌ ।

त्रिजन्मपापसंहारं बिल्वपत्रं शिवार्पणम्‌ ॥



अखण्डै बिल्वपत्रैश्च पूजये शिव शंकरम्‌ ।

कोटिकन्या महादानं बिल्व पत्रं शिवार्पणम्‌ ॥



गृहाण बिल्व पत्राणि सपुश्पाणि महेश्वर ।

सुगन्धीनि भवानीश शिवत्वंकुसुम प्रिय ॥

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